बालाघाट । मध्यप्रदेश के बालाघाट जिले के कटंगी वन परिक्षेत्र के ग्राम बड़पानी में एक मादा तेंदुए की करंट से मौत के मामले में वन विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपियों को सोमवार कोर्ट में पेश किया गया, जहां उन्हें जेल भेज दिया गया। आरोपियों के कब्जे से 19 किलो तार और 2 बड़े पत्थर बरामद किए गए हैं। विदित हो कि 3 अप्रैल की शाम एक चरवाहे ने खेत में बने कुएं में तेंदुए का शव देखा था। सूचना मिलते ही वन विभाग सक्रिय हुआ और 48 घंटे के भीतर आरोपियों को पकड़ लिया।
वन विभाग के जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने 24 मार्च की शाम मादा तेंदुए का शिकार कर उसे पत्थर से बांधकर कुएं में फेंका था, जो 10 दिन बाद शव सतह पर आ गया, जिसे चरवाहे ने देखा और वन विभाग को सूचना दी।
वन विभाग ने दो बड़े पत्थर, जीआई तार, बांस की खुंटी और अन्य सामग्री जब्त की है। वनमंडल अधिकारी अधर गुप्ता और उप वनमंडल अधिकारी बी.आर. सिरसाम के निर्देशन में एक विशेष टीम बनाई गई थी, जिसमें कटंगी, महकेपार और तिरोड़ी के अधिकारी-कर्मचारी शामिल थे। इस संयुक्त टीम ने प्रभावशाली ढंग से 48 घंटों में सफलता प्राप्त की।
वन परिक्षेत्र अधिकारी बी.एल. चढ़ार ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों में बुलाराम पिता डूलीचंद पुष्पतोड़े (34), चेतन पिता नामदेव सोनवाने (40), सुनील पिता सुदाम राउत (35), उदेश्याम पिता दशरथ सोनवाने (45), विनोद पिता शोभाराम सोनवाने (42), मुनेश्वर पिता श्रीराम मात्रे (54), सुभाष पिता गणेश मात्रे (40) शामिल है। इन सभी के खिलाफ वन्य प्राणी संरक्षण अधिनियम 1972 (संशोधित 2022) की धारा 2, 9, 39, 50 और 51 के तहत केस दर्ज किया गया है।
जंगल में भटक रहा मादा तेंदुए का शावक
मादा तेंदुए की मौत के बाद उसका करीब 1 साल का शावक क्षेत्र में भटकता देखा गया है। वन विभाग के अनुसार, शावक की गतिविधियों पर निरंतर निगरानी रखी जा रही है। यदि वह शिकार करने में असमर्थ पाया गया, तो उसे रेस्क्यू कर सुरक्षित स्थान पर लाया जाएगा।



