कसडोल| विकासखंड मुख्यालय से महज कुछ ही दूरी पर स्थित ग्राम पंचायत खर्वे, जहां पिछले कुछ महीनों के दौरान हुई आठ लोगों की मौतों ने पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया है। मामला तब और सनसनीखेज हो गया जब सैकड़ों ग्रामीणों ने कसडोल थाने पहुंचकर गांव के ही एक व्यक्ति पर शराब में जहर मिलाकर लोगों को पिलाने का गंभीर आरोप लगाया। शिकायत मिलते ही पुलिस और प्रशासन हरकत में आयी और मामले की गहन जांच शुरू कर दी गई।
कब्र से निकाले गए शव, एफएसएल टीम जुटा रही साक्ष्य
शनिवार को पुलिस, प्रशासन और फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) की टीम गांव पहुंची। जांच के तहत पहले से दफन किए गए शवों को कब्र से निकालकर परीक्षण की प्रक्रिया शुरू की गई। पूरे घटनाक्रम के दौरान गांव में भारी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे और माहौल बेहद संवेदनशील बना हुआ है।
ग्रामीणों ने जहरीली शराब की आशंका जताई
ग्रामीणों का आरोप है कि गांव के रामसाय जायसवाल ने शराब में कथित रूप से जहरीला पदार्थ मिलाकर बद्री पटेल, बुटालु साहू, छत्तूराम साहू, बुदलू जायसवाल, विनोद साहू, गजानन मांझी, चैतु साहू और महेतरू साहू को पिलाया, जिसके बाद उनकी मौत हो गई। जिसकी लिखित शिकायत कसडोल थाने में कई गई है ग्रामीणों ने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
रिपोर्ट के बाद होगा बड़ा खुलासा
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ा दिया है। एफएसएल टीम मौके से साक्ष्य एकत्र कर रही है, जबकि शवों का परीक्षण कर मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। इस पूरे घटना पर एसडीओपी कौशल किशोर वासनिक ने बताया कि मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच की जा रही है।
पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही मौतों के कारणों और संभावित जिम्मेदारों के संबंध में स्पष्ट स्थिति सामने आ सकेगी। फिलहाल पूरे गांव की निगाहें जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं। यदि ग्रामीणों के आरोप सही साबित होते हैं, तो यह मामला जिले की सबसे बड़ी संदिग्ध मौतों में से एक बन सकता है।






