रायपुर। छत्तीसगढ़ की स्कूलों में शिक्षकों की कमी
ढाई सौ से अधिक स्कूल जहां शिक्षक नहीं
स्कूल शिक्षा विभाग से जारी आंकड़ों के अनुसार प्रदेश के 5,484 स्कूल अभी भी एकल शिक्षक वाले हैं, यानी यहां सिर्फ एक ही टीचर है। वहीं अरबन एरिया में 7305 शिक्षक जरूरत से ज्यादा हैं। 297 स्कूल ऐसे हैं जहां कोई शिक्षक ही नहीं है। ऐसे स्कूलों के छात्राें को पढ़ाने आसपास के स्कूलों के शिक्षकों को अटैच किया गया है।
4000 से ज्यादा स्कूल होंगे मर्ज
स्कूलों और शिक्षकों को लेकर सभी जगहों पर बैलेंस बनाने प्रदेश के 4000 से ज्यादा स्कूलों को मर्ज किया जाएगा। आदेश जारी होते ही शहर के स्कूलों में पदस्थ अतिरिक्त शिक्षक इसे लेकर टेंशन में आ गए हैं।इसके लिए लोक शिक्षण संचालनालय ने टाइमलाइन भी जारी कर दिया है।
सभी कलेक्टर्स और डीईओ को आदेश जारी
स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव ने सभी कलेक्टरों और जिला शिक्षा अधिकारियों को इस बारे में आदेश जारी किए हैं और शेड्यूल भी तय कर दिया गया है। इस आदेश के बाद शहर के अनेक टीचर्स को डर है कि उनकी पोस्टिंग अब दूर-दराज हो सकती है।
मुख्यमंत्री ने विभागीय बैठक में दिए थे संकेत
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जनवरी में आयोजित विभाग की बैठक में कहा था कि बोर्ड परीक्षा खत्म होते ही शिक्षकों का युक्तियुक्तकरण शुरू कर देना चाहिए। अब उसी के तहत स्कूल शिक्षा विभाग अब यह प्रक्रिया शुरू कर रहा है। पहले भी यह प्रक्रिया शुरू हुई थी, लेकिन रोक दी गई थी। अब फिर से वही प्रक्रिया दोबारा शुरू की जा रही है।






